बेंगलुरू, 25 सितम्बर (आईएएनएस)। बेंगलुरू के मनिपाल हॉस्पिटल में कोविड-19 से ठीक होने के बाद एक सीनियर नर्स मरीजों की निरंतर सेवा कर मानवता की मिसाल पेश की है।
मणिपाल हॉस्पिटल के मुख्य परिचालन अधिकारी दीपक वेणुगोपालन ने यहां आईएएनएस को बताया, एक पेशेवर नर्स के तौर पर मरीजों की सेवा करते हुए मुमताज बेगम संक्रमण की चपेट में आ गई थीं। बिल्कुल भी घबराए बिना उन्होंने निडरता के साथ कोरोना की लड़ाई लड़ी और इसमें विजयी रहीं।
नेफ्रोलॉजिस्ट एस विश्वनाथ ने याद करते हुए कहा, रेनल सिस्टम में समस्या दिखने के बाद 49 वर्षीय मुमताज ने साल 2016 में अपना किडनी ट्रांसप्लांट कराया।
उन्होंने कहा, मुमताज एक जिम्मेदार और समझदार नागरिक का जीवंत उदाहरण है। रेनल ट्रांसप्लांट कराने के बाद तमिलनाड़ु के सलेम में स्थित एक अस्पताल में रहने के दौरान उनके पति और दो बेटे उनके साथ रहे।
निजी और पेशेवर जिंदगी में मुमताज के निस्वार्थ सेवा भाव और त्याग को देखते हुए इस 74वें स्वतंत्रता दिवस पर मनिपाल हॉस्पिटल परिसर में अन्य कोरोना वॉरियर्स संग मुमताज ने झंडा फहराया।
वेणुगोपालन ने आगे कहा, मुमताज जैसे सहकर्मी हम सभी के लिए एक प्रेरणा हैं। ये खुद से ज्यादा अहमियत अपने काम और मरीजों को देते हैं। वह पिछले महीने स्वतंत्रता दिवस से पहले कोविड-19 से मुक्त हुईं और इसके बाद जल्द ही मरीजों की सेवा करने के अपने काम में जुट गईं।
एएसएन/एएनएम
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RACHNA SAROVAR
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