header ads

रैनसमवेयर हमलों ने भारतीय आईटी मैनेजरों के आत्मविश्वास को भी चोट पहुंचाई : सर्वे

मुंबई, 28 अक्टूबर (आईएएनएस)। रैनसमवेयर हमलों को बढ़ते देख 35 फीसदी भारतीय आईटी मैनेजरों को लगता है कि वे साइबर खतरों को समझने में काफी पीछे हैं। यह बात बुधवार को एक नए सर्वे में सामने आई है।

साइबरसिटी फर्म सोफोस के सर्वे से पता चला है कि रैनसमवेयर की चपेट में आने के बाद ऑर्गनाइजेशंस पहले जैसे नहीं रहते हैं। विशेष रूप से आईटी मैनेजरों के विश्वास और दृष्टिकोण में इससे खासा फर्क आता है कि उनके संस्थान पर रैनसमवेयर ने हमला किया है या नहीं।

साइबर सुरक्षा को लेकर सर्वे में पता चला कि भारतीय आईटी मैनेजरों ने अपने समय का 42 प्रतिशत समय खतरे की रोकथाम करने में दिया और उनका 27 प्रतिशत समय साइबर खतरों पर प्रतिक्रिया देने पर केंद्रित है। लगभग 58 प्रतिशत भारतीय उद्यमियों ने स्वीकार किया कि साइबर सुरक्षा के कुशल पेशेवरों को भर्ती करना और उन्हें बनाए रखना उनके लिए सबसे बड़ी चुनौती है।

वैश्विक स्तर पर रैसमवेयर के तीन हमले झेल चुके संस्थानों के आईटी मैनेजर साइबर खतरों को समझने के मामले में खुद को बहुत पीछे महसूस करते हैं।

सोफोस के प्रिंसिपल रिसर्च साइंटिस्ट चेस्टर विस्निवस्की ने कहा, संसाधनों की प्राथमिकताओं में अंतर यह संकेत दे सकता है कि रैनसमवेयर पीड़ित ऐसे हमलों को और झेल सकते हैं।

जब सुरक्षा पर ध्यान केंद्रित करने की बात आती है, तो सर्वेक्षण में पाया गया कि रैसमवेयर पीड़ित खतरों को रोकने में 42.6 प्रतिशत और इन पर प्रतिक्रिया देने 27 प्रतिशत समय दिया, ये उन लोगों की तुलना में अधिक है, जिन पर हमले नहीं हुए हैं।

विस्निवस्की ने कहा, आईटी सुरक्षा टीमों को सातों दिन और 24 घंटे पूरी तरह से सतर्क रहने की जरूरत है। साथ ही हमलावरों के नए उपकरणों और तरीकों को लेकर पूरी जानकारी रखनी जरूरी है।

एसडीजे/एसजीके



.Download Dainik Bhaskar Hindi App for Latest Hindi News.
.
...
Ransomware attacks also hurt the confidence of Indian IT managers: Survey
.
.
.


Source From
RACHNA SAROVAR
CLICK HERE TO JOIN TELEGRAM FOR LATEST NEWS

Post a Comment

[blogger]

MKRdezign

Contact Form

Name

Email *

Message *

Powered by Blogger.
Javascript DisablePlease Enable Javascript To See All Widget